सनातन धर्म रक्षा दल समिति कैथल हरियाणा (भारत )

जागृति का दीप जलाएं, सनातन धर्म बचाएं ।

2007: जब सरकार ने कहा – श्रीराम काल्पनिक हैं! हिंदू आस्था पर सबसे बड़ा प्रहार

भारत की पहचान उसकी आस्था, संस्कृति और परंपराओं से है। इस आस्था के केंद्र में भगवान श्रीराम का स्थान सर्वोपरि…

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2010: भारत में विदेशी फंडिंग – जब दूसरे देशों के पैसे से हिंदू समाज को कमजोर करने की साज़िश

भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है और यहाँ की विविधता ही इसकी पहचान है। लेकिन इसी विविधता का फायदा…

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2012: मदरसे RTI और ऑडिट से बाहर – क्या यह भारत की शिक्षा और पारदर्शिता के खिलाफ कदम था?

भारत एक लोकतांत्रिक और धर्मनिरपेक्ष देश है। यहाँ हर संस्था, चाहे वह सरकारी हो या गैर-सरकारी, यदि सार्वजनिक धन का…

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2025: जब भारत को चाहिए सभी अन्यायी और भेदभावपूर्ण कानूनों का अंत

भारत का संविधान “सबके लिए समान अधिकार” का वादा करता है। लेकिन आज़ादी के बाद से अब तक कई ऐसे…

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2013: जब हिंदू, सिख और जैन संस्थाओं को कोर्ट जाने से रोका गया – आस्था और न्याय पर दोहरा मापदंड

भारत का संविधान सभी नागरिकों को समान अधिकार देने का वादा करता है। लेकिन क्या वास्तव में यह समानता सबको…

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1947 और छोड़ी गई ज़मीनों का सच: वक्फ बोर्ड और हिन्दुओं के साथ अन्याय

भारत का बंटवारा 1947 में सिर्फ एक भूगोल का विभाजन नहीं था, यह करोड़ों जिंदगियों का टुकड़ा-टुकड़ी करने वाला फैसला…

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1954 और समान नागरिक संहिता (UCC): अधूरा सपना और हिंदू समाज के साथ अन्याय

भारत का संविधान दुनिया में सबसे बड़ा और सबसे विस्तृत संविधान माना जाता है। इसमें सभी नागरिकों को समानता, न्याय…

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1995: वक्फ एक्ट और हिंदू समाज की ज़मीन पर खतरा

भारत का संविधान कहता है कि सभी नागरिकों को समानता और संपत्ति का अधिकार है। लेकिन क्या सच में सभी…

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2013 का वक्फ कानून: हिंदू, सिख, बौद्ध और जैन समाज के अधिकारों पर सबसे बड़ा हमला

भारत को “धर्मनिरपेक्ष देश” कहा जाता है। यहाँ हर नागरिक को समान अधिकार मिलने की बात कही जाती है। लेकिन…

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आर्टिकल 28 और हिंदू-सिख समाज: धार्मिक स्वतंत्रता या असमानता?

भारत का संविधान धर्मनिरपेक्षता और समानता पर आधारित है। हर नागरिक को समान अधिकार मिलें, यही इसका मूल उद्देश्य है।…

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